Tim Cook steps down, Ternus takes over
दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक एप्पल में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। कंपनी के लंबे समय से सीईओ रहे टिम कुक अब अपने पद से इस्तीफा देने वाले हैं।
कंपनी की आधिकारिक घोषणा के मुताबिक, टिम कुक 1 सितंबर 2026 से सीईओ पद छोड़कर बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन की भूमिका निभाएंगे। उनकी जगह जॉन टर्नस नए सीईओ के रूप में कमान संभालेंगे।
15 साल बाद नेतृत्व में बदलाव
टिम कुक ने साल 2011 में स्टीव जॉब्स के बाद एप्पल की कमान संभाली थी। उनके नेतृत्व में कंपनी ने नई ऊंचाइयों को छुआ—चाहे वह iPhone की बिक्री हो, सर्विस बिजनेस का विस्तार या कंपनी की मार्केट वैल्यू।
करीब 15 साल तक सीईओ रहने के बाद अब कुक एक नई भूमिका में नजर आएंगे, जहां वे कंपनी के रणनीतिक और वैश्विक मामलों में योगदान देते रहेंगे।
कौन हैं जॉन टर्नस?
जॉन टर्नस एप्पल के अनुभवी अधिकारियों में से एक हैं।
- 2001 में कंपनी की प्रोडक्ट डिजाइन टीम से जुड़े
- 2013 में हार्डवेयर इंजीनियरिंग के वाइस प्रेसिडेंट बने
- 2021 में सीनियर वाइस प्रेसिडेंट ऑफ हार्डवेयर इंजीनियरिंग के तौर पर एग्जीक्यूटिव टीम में शामिल हुए
टर्नस को iPhone, iPad और Mac जैसे प्रमुख प्रोडक्ट्स के हार्डवेयर डेवलपमेंट में अहम भूमिका निभाने के लिए जाना जाता है।
टिम कुक की नई भूमिका
सीईओ पद छोड़ने के बाद टिम कुक पूरी तरह कंपनी से अलग नहीं होंगे। एग्जीक्यूटिव चेयरमैन के तौर पर वे:
- वैश्विक नीति-निर्माताओं से संवाद करेंगे
- कंपनी की रणनीतिक दिशा में सहयोग देंगे
- बड़े फैसलों में मार्गदर्शन प्रदान करेंगे
एप्पल के लिए क्या मायने?
यह बदलाव एप्पल के लिए एक नए दौर की शुरुआत माना जा रहा है। जहां टिम कुक ने कंपनी को स्थिरता और विस्तार दिया, वहीं जॉन टर्नस से उम्मीद होगी कि वे इनोवेशन और प्रोडक्ट-ड्रिवन ग्रोथ को आगे बढ़ाएं।
एप्पल में यह नेतृत्व परिवर्तन सिर्फ एक पद बदलाव नहीं, बल्कि कंपनी के भविष्य की दिशा तय करने वाला कदम है। अब सबकी नजरें इस बात पर होंगी कि जॉन टर्नस अपने नए रोल में एप्पल को किस दिशा में लेकर जाते हैं, और टिम कुक की नई भूमिका कंपनी को कैसे प्रभावित करती है।
